एक घंटे 25 मिनट के बजट भाषण में बिहार का एक बार भी जिक्र नहीं, सिर्फ दो बार पटना शब्द आया
केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने लगातार नौवीं बार आम बजट पेश किया. इस बार के बजट में दक्षिण भारतीय राज्य आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु पर खासा फोकस देखने को मिल रहा है. पिछले दो बार के बजट में बिहार छाया रहता था, लेकिन इस बार तो बिहार शब्द सुनने को भी नहीं मिला.
केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आज वित्तीय वर्ष 2026-27 का आम बजट पेश किया. पूरे 85 मिनट के बजट भाषण में “बिहार” शब्द का एक बार भी जिक्र नहीं हुआ. वित्त मंत्री ने “पटना” का नाम दो बार लिया. यह बात इसलिए अहम है, क्योंकि पिछले साल यानी 2025-26 के बजट में बिहार का नाम 8 बार लिया गया था. तब राज्य को कई बड़ी सौगातें भी मिली थीं.
हालांकि, बजट में लिए गए कई फैसलों का फायदा बिहार को मिलेगा. इस बार इनकम टैक्स स्लैब में कोई बदलाव नहीं किया गया है. इससे मध्यम वर्ग को न राहत मिली, न बोझ बढ़ा. वहीं कैंसर समेत 7 गंभीर बीमारियों की दवाइयों को सस्ता किया गया है. इससे बिहार के मरीजों और उनके परिवारों को सीधा फायदा होगा.
देश में 20 नए वाटरवेज बनाए जाएंगे
बजट में बुनियादी ढांचे पर खास जोर दिया गया है. वित्त मंत्री ने ऐलान किया कि अगले 5 साल में देश में 20 नए वाटरवेज बनाए जाएंगे. नेशनल वाटरवे ओडिशा में बनेगा. इससे खनिज क्षेत्रों को बंदरगाह से जोड़ा जाएगा.
वाराणसी और पटना में खोले जाएंगे शिप रिपेयर सेंटर
इसी के साथ शिप रिपेयर इकोसिस्टम तैयार करने की घोषणा की गई है. इसके लिए वाराणसी और पटना में विशेष सेंटर खोले जाएंगे. यह फैसला बिहार के लिए अहम माना जा रहा है. इससे पटना में रोजगार के नए अवसर बन सकते हैं.









