AI से निशांत और मैथिली ठाकुर की आपत्तिजनक फोटो बनाकर वायरल करने वाला गिरफ्तार

गयाजी में फतेहपुर पुलिस ने सोशल मीडिया पर विधायक मैथिली ठाकुर और जदयू नेता निशांत कुमार की आपत्तिजनक AI-जनरेटेड तस्वीरें वायरल करने के आरोप में एक युवक को गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी शनिवार को पहाड़पुर स्टेशन के पास से हुई।

AI से निशांत और मैथिली ठाकुर की आपत्तिजनक फोटो बनाकर वायरल करने वाला गिरफ्तार
निशांत कुमार और मैथिली ठाकुर AI फोटो मामला

Bihar News: आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के बढ़ते दुरुपयोग और साइबर अपराध के खिलाफ बिहार पुलिस ने एक बड़ी कामयाबी हासिल की है। प्रसिद्ध लोक गायिका और बीजेपी विधायक मैथिली ठाकुर और सीएम नीतीश के बेटे निशांत कुमार की आपत्तिजनक और छेड़छाड़ की गई (Deepfake) तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल करने वाले मुख्य आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी ने AI तकनीक का सहारा लेकर इन राजनेताओं की छवि धूमिल करने की कोशिश की थी, जिसके बाद हड़कंप मच गया था। पुलिस की साइबर सेल ने तकनीकी अनुसंधान के जरिए आरोपी को ट्रैक किया और अब वह सलाखों के पीछे है।

निशांत और मैथिली की तस्वीर वायरल 

पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार युवक की पहचान विकास कुमार यादव (35) के रूप में हुई है, जो फतेहपुर थाना क्षेत्र के शब्दों गांव का रहने वाला है। आरोप है कि उसने करीब एक सप्ताह पहले फेसबुक पर एआई तकनीक की मदद से निशांत कुमार और विधायक मैथिली ठाकुर से जुड़ी आपत्तिजनक तस्वीरें तैयार कर पोस्ट कर दी थीं। पोस्ट वायरल होने के बाद मामला तेजी से फैल गया और पुलिस तक इसकी सूचना पहुंची। मामले की गंभीरता को देखते हुए फतेहपुर पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए शनिवार शाम आरोपी युवक को उसके घर से गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद युवक ने अपनी गलती स्वीकार करते हुए सोशल मीडिया पर एक वीडियो भी पोस्ट किया। 

आरोपी ने मांगी माफी: वायरल पोस्ट के बाद विकास कुमार यादव ने सोशल मीडिया पर लाइव आकर सार्वजनिक रूप से माफी मांगी थी. उसने दावा किया कि फोटो उसके पास आया था और उसने गलती से इसे शेयर कर दिया. आरोपी ने निशांत कुमार और मैथिली ठाकुर से माफी मांगी, लेकिन पुलिस ने इसे गंभीर अपराध मानते हुए कार्रवाई की.

पुलिस ने लिया एक्शन: फतेहपुर थानाध्यक्ष मनोज कुमार ने कहा कि सोशल मीडिया पर फोटो वायरल होने की सूचना मिलते ही पुलिस ने तुरंत संज्ञान लिया. उन्होंने बताया कि यह मामला महिलाओं की गरिमा और सार्वजनिक व्यक्तियों की छवि से जुड़ा है, इसलिए जांच को प्राथमिकता दी गई. आगे की कार्रवाई में कानूनी प्रक्रिया के तहत आरोप तय किए जाएंगे.